• बड़े नेताओं के बेटे बेटियों की दावेदारी से बढ़ा रोमांच

    बड़े नेताओं के बेटे बेटियों की दावेदारी से बढ़ा रोमांच

    हरियाणा के मशहूर तीन लालों चौधरी देवीलाल, बंसीलाल और भजनलाल के अलावा अब नई पीढ़ी में कई दूसरे कई नेताओं के लाल भी सियासी किस्मत आजमाने के लिए पूरी ताकत से मैदान में है। कुछ युवा नेता इसी लोकसभा चुनाव में ताल ठोंकने को तैयार हैं। तो कुछ युवा लाल विधानसभा के लिए अभी से ताल ठोंक रहे हैं।

  • बड़े नेताओं के बेटे बेटियों की दावेदारी से बढ़ा रोमांच

    बड़े नेताओं के बेटे बेटियों की दावेदारी से बढ़ा रोमांच

    हरियाणा के मशहूर तीन लालों चौधरी देवीलाल, बंसीलाल और भजनलाल के अलावा अब नई पीढ़ी में कई दूसरे कई नेताओं के लाल भी सियासी किस्मत आजमाने के लिए पूरी ताकत से मैदान में है। कुछ युवा नेता इसी लोकसभा चुनाव में ताल ठोंकने को तैयार हैं। तो कुछ युवा लाल विधानसभा के लिए अभी से ताल ठोंक रहे हैं।

  • बड़े नेताओं के बेटे बेटियों की दावेदारी से बढ़ा रोमांच

    बड़े नेताओं के बेटे बेटियों की दावेदारी से बढ़ा रोमांच

    हरियाणा के मशहूर तीन लालों चौधरी देवीलाल, बंसीलाल और भजनलाल के अलावा अब नई पीढ़ी में कई दूसरे कई नेताओं के लाल भी सियासी किस्मत आजमाने के लिए पूरी ताकत से मैदान में है। कुछ युवा नेता इसी लोकसभा चुनाव में ताल ठोंकने को तैयार हैं। तो कुछ युवा लाल विधानसभा के लिए अभी से ताल ठोंक रहे हैं।

  • गुड़गांव लोकसभा क्षेत्र: जहां से चार-चार बार सांसद बने हैं राव इंद्रजीत व उनके पिता राव बिरेन्द्र सिंह

    गुड़गांव लोकसभा क्षेत्र: जहां से चार-चार बार सांसद बने हैं राव इंद्रजीत व उनके पिता राव बिरेन्द्र सिंह

    आज जिस क्षेत्र को हम गुड़गांव लोकसभा के नाम से जानते हैं वो 2009 में अस्त्तिव में आया था। गुड़गांव लोकसभा के नाम से 1952 से 1971 तक लोकसभा क्षेत्र था लेकिन उसके बाद गुड़गांव को भंग कर उसे महेंद्रगढ़ व फरीदाबाद क्षेत्र में शामिल कर दिया गया। 1977 में पहली बार फरीदाबाद अस्तित्व में आया।

  • गुड़गांव लोकसभा क्षेत्र: जहां से चार-चार बार सांसद बने हैं राव इंद्रजीत व उनके पिता राव बिरेन्द्र सिंह

    गुड़गांव लोकसभा क्षेत्र: जहां से चार-चार बार सांसद बने हैं राव इंद्रजीत व उनके पिता राव बिरेन्द्र सिंह

    आज जिस क्षेत्र को हम गुड़गांव लोकसभा के नाम से जानते हैं वो 2009 में अस्त्तिव में आया था। गुड़गांव लोकसभा के नाम से 1952 से 1971 तक लोकसभा क्षेत्र था लेकिन उसके बाद गुड़गांव को भंग कर उसे महेंद्रगढ़ व फरीदाबाद क्षेत्र में शामिल कर दिया गया। 1977 में पहली बार फरीदाबाद अस्तित्व में आया।

  • BJP को नहीं है समझौते की जरूरत, लेकिन खुली हैं संभावनाएं: अनिल जैन

    BJP को नहीं है समझौते की जरूरत, लेकिन खुली हैं संभावनाएं: अनिल जैन

    यहां हरियाणा भाजपा की कार्यसमिति की बैठक हुई। दो चरणों में हुई बैठक में लोकसभा चुनाव को लेकर रणनीति बनाई गई। हरियाणा भाजपा के प्रभारी डॉ. अन‍िल जैन ने कहा कि भाजपा को राज्‍य में किसी पार्टी से समझौता करने की जरूरत नहीं है, लेकिन राजनीति में सभी संभावना होती है।

  • BJP को नहीं है समझौते की जरूरत, लेकिन खुली हैं संभावनाएं: अनिल जैन

    BJP को नहीं है समझौते की जरूरत, लेकिन खुली हैं संभावनाएं: अनिल जैन

    यहां हरियाणा भाजपा की कार्यसमिति की बैठक हुई। दो चरणों में हुई बैठक में लोकसभा चुनाव को लेकर रणनीति बनाई गई। हरियाणा भाजपा के प्रभारी डॉ. अन‍िल जैन ने कहा कि भाजपा को राज्‍य में किसी पार्टी से समझौता करने की जरूरत नहीं है, लेकिन राजनीति में सभी संभावना होती है।

  • BJP को नहीं है समझौते की जरूरत, लेकिन खुली हैं संभावनाएं: अनिल जैन

    BJP को नहीं है समझौते की जरूरत, लेकिन खुली हैं संभावनाएं: अनिल जैन

    यहां हरियाणा भाजपा की कार्यसमिति की बैठक हुई। दो चरणों में हुई बैठक में लोकसभा चुनाव को लेकर रणनीति बनाई गई। हरियाणा भाजपा के प्रभारी डॉ. अन‍िल जैन ने कहा कि भाजपा को राज्‍य में किसी पार्टी से समझौता करने की जरूरत नहीं है, लेकिन राजनीति में सभी संभावना होती है।

  • 'AAP' और जेजेपी के बीच नए सिरे से सुलहनामे की कोशिश

    'AAP' और जेजेपी के बीच नए सिरे से सुलहनामे की कोशिश

    आम आदमी पार्टी और जननायक जनता पार्टी के बीच एक बार फिर नए सिरे से गठबंधन की कोशिशें शुरू हो गई हैं। एक दिन पहले ही दोनों दलों में लोकसभा और विधानसभा की सीटों के बंटवारे पर सहमति नहीं बन पाई थी। इस कारण गठबंधन के रास्ते बंद हो चुके थे। अब जननायक जनता पार्टी और आम आदमी पार्टी के नेताओं को यह समझ आ रहा है कि भाजपा को रोकने के लिए जाट और गैर जाट का गठजोड़ जरूरी है। इसमें आप और जेजेपी सक्षम हैं।

  • 'AAP' और जेजेपी के बीच नए सिरे से सुलहनामे की कोशिश

    'AAP' और जेजेपी के बीच नए सिरे से सुलहनामे की कोशिश

    आम आदमी पार्टी और जननायक जनता पार्टी के बीच एक बार फिर नए सिरे से गठबंधन की कोशिशें शुरू हो गई हैं। एक दिन पहले ही दोनों दलों में लोकसभा और विधानसभा की सीटों के बंटवारे पर सहमति नहीं बन पाई थी। इस कारण गठबंधन के रास्ते बंद हो चुके थे। अब जननायक जनता पार्टी और आम आदमी पार्टी के नेताओं को यह समझ आ रहा है कि भाजपा को रोकने के लिए जाट और गैर जाट का गठजोड़ जरूरी है। इसमें आप और जेजेपी सक्षम हैं।

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