GURUGRAM: सरस्वती विहार में पार्क के नाम पर चिन्हित जगह को प्लॉट के रूप में बेचने की तैयारी में हाउसिंग बोर्ड

GURUGRAM: सरस्वती विहार में पार्क के नाम पर चिन्हित जगह को प्लॉट के रूप में बेचने की तैयारी में हाउसिंग बोर्ड
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सरस्वती विहार इलाके में कम्युनिटी सेंटर न होने से स्थानीय निवासियों को खासी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कालोनी विकसित करने के दौरान बनाए गए लेआउट प्लान में पार्क के लिए एक साइट छोड़ी हुइ थी लेकिन अब हाउसिंग बोर्ड हरियाणा जल्द ही इसकी भी नीलामी करने जा रहा है। जबकि इलाके के रेजीडेंट इस साइट पर सामुदायिक भवन विकसित करने की मांग कर रहे थे। 

इस नीलामी के खिलाफ स्थानीय लोगों ने कोर्ट जाने का मन बना लिया है। कम्युनिटी सेंटर न होने से इलाके के लोगों को अपने सामाजिक कार्यक्रमों के लिए खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। सरस्वती विहार में लगभग 3500 मकान है एवं 25000 से अधिक आबादी है लेकिन सामुदायिक साइट के नाम पर कोई भवन नहीं है। 

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के गुप्ता, बलराज शर्मा, एके गुप्ता इत्यादि निवासियों का कहना है कि सन 1980 से पहले यह कालोनी विकसित नहीं थी, तब तक सामुदायिक भवनों के लिए कोई नियम-शर्ते तय नहीं थी लेकिन सन 1980 में नियम-शर्ते लागू होने के बाद भी जो भी कालोनी गुरुग्राम में विकसित की जा रही थी उन्होंने अपनी कालोनी के प्लान रिवाइज करने के बाद सभी में कम्युनिटी भवनों का प्रावधान दे दिया था लेकिन सरस्वती विहार कालोनी में इसके बावजूद भी कोई प्रावधान नहीं दिया गया जिसकी वजह से यहां के निवासी आज तक इस समस्या से परेशान है। 

गुडग़ांव सिटीजंस काउंसिल के प्रधान आरएस राठी ने बताया कि हरियाणा अर्बन डेवलेपमेंट एक्ट 1975 के नियमों के अनुसार किसी भी कालोनी के विकसित होने के समय 55 प्रतिशत इलाके में रेजीडेंशिल इलाका विकसित होता है और 45 प्रतिशत क्षेत्र में पब्लिक यूटिलिटी सुविधाएं विकसित होती है लेकिन यहां आज तक 75 प्रतिशत से अधिक में रेजीडेंशियल एरिया विकसित हो चुका है जिसकी वजह से लोगों के लिए पब्लिक यूटिलिटी सुविधाएं विकसित नहीं हो सकी। इस बारे में लगातार हाउसिंग बोर्ड को पत्र लिखकर समस्या से अवगत भी कराया गया है लेकिन बावजूद इसके विभागीय अधिकारियों ने इसकी नीलामी प्रकिया में तेजी शुरू कर दी। 

1989 के टाउन प्लानिंग नियमों के अनुसार 10 से 15 हजार की आबादी पर कम्युनिटी सेंटर बनाना अनिवार्य होता है। यह प्लॉट भी पार्क के लिए चिन्हित किया हुआ था लेकिन  पत्र लिखने के बाद भी हाउसिंग बोर्ड ने इसे भी प्लॉट के रुप में नीलाम करने की तैयारी कर ली गई है। गुडग़ांव सिटीजंस काउंसिल ने इस पर रोक लगवाने के लिए सिविल कोर्ट में याचिका डालने की तैयारी कर ली है।

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आरएस राठी, प्रधान गुडग़ांव सिटीजंस काउंसिल 

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